ब्लॉग

कहाँ है नजीब ? ढाई महीने बाद भी जबाव वही

कहाँ है नजीब ? ढाई महीने बाद भी जबाव वही

December 30, 2016 at 12:43 am

ब्यूरो (राजाज़ैद) । नजीब की गुमशुदगी को ढाई महीना हो गया, आज भी सवाल वही है “नजीब कहाँ हैं” तो जबाव भी वही है “हम खोज रहे हैं”। यहाँ एक बड़ा सवाल यह है कि “पुलिस ने क्या किया जो ढाई महीने में नजीब को नहीं तलाश कर सकी”। नजीब की मां से मिलकर बड़ी बड़ी बातें करने वाले दिल्ली […]

Read more ›
न स्वच्छता है न शौचालय

न स्वच्छता है न शौचालय

December 29, 2016 at 11:21 pm

ब्यूरो । (फरजाना खातुन- बछारपुर, बिहार)। भारत के राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने जून 2014 में संसद को संबोधित करते हुए कहा था “देश में जल्द ही स्वच्छ भारत मिशन शुरु किया जाएगा, जो देश भर में स्वच्छता, वेस्ट मैंनेजमेंट, को सुनिश्चित करने के लिए होगा। यह मिशन महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर 2019 में हमारी ओर से श्रद्धांजली होगी”। […]

Read more ›
लेखक अभिभावक से बात करता हुआ

पर्याप्त पोषण से वंचित हैं बच्चे!

December 29, 2016 at 10:56 pm

ब्यूरो {अब्दुर रहमान,पुपरी (बिहार)} । “चावल में कभी कभी कीड़ा रहता है,और दाल एकदम पतला होता है। सब्जी खाने में स्वाद नही लगता, फिर भी खाना पड़ता है”। ये वाक्य है 12 साल की छात्रा कविता का जो बिहार के जिला सितामढ़ी के पुपरी प्रखंड मे स्थित कुशैल गांव के “उत्क्रमित मध्य विधालय” में पढ़ती है। इस संबध में मेरी […]

Read more ›
नोटबंदी: घर का चिराग़, घर को आग

नोटबंदी: घर का चिराग़, घर को आग

December 29, 2016 at 10:44 pm

ब्यूरो(राकेश सिंह) | कहा जाता है कि सूचना और ज्ञान में अन्तर होता है। अकसर सूचनाप्रद व्यक्ति स्वंय को ज्ञानी समझने की भूल कर लेता है, उसी प्रकार नोटबंदी में जिन लोगों में देसी काले धन को सफ़ेद करने में मदद की है, असल में उन्होंने देश का नुक़सान किया है। नोटबंदी की मियाद में जब कुछ घंटे ही बच […]

Read more ›
प्रधानमंत्री जी, क्या हम भी दे सकते हैं नवाज़ शरीफ को बधाई ?

प्रधानमंत्री जी, क्या हम भी दे सकते हैं नवाज़ शरीफ को बधाई ?

December 26, 2016 at 2:36 am

ब्यूरो(राजा ज़ैद) । मुझे इस बात से ज़रा भी एतराज नही कि हमारे देश के प्रधानमंत्री जी ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ को जन्मदिन की बधाई दी । लेकिन यह जानने का हक मुझे है कि क्या प्रधानमंत्री जी की तरह मैं या मुझ जैसे कुछ छोटे बड़े लोग भी नवाज़ शरीफ को उनके जन्म दिन पर बधाई दे सकते […]

Read more ›
हरियाणा में जाट आंदोलन के दौरान पुलिस बदोबस्त

तो क्या फिर भड़केगी गुर्जर आरक्षण की आग ?

December 25, 2016 at 10:10 pm

ब्यूरो (राजस्थान से जग मोहन ठाकन) । गुर्जर फिर स्तब्ध हैं और नौ साल की लंबी अवधि की लड़ाई के बाद पुनः जहां से चले थे वहीं पहुँच गए हैं । राजस्थान हाई कोर्ट ने गुर्जर सहित पाँच जातियों को एसबीसी में पाँच प्रतिशत आरक्षण देने के अधिनियम -2015 को रद्द कर गुर्जर आरक्षण पर खुशियाँ मना रहे गुर्जर नेताओं […]

Read more ›
गठबंधन को अजीत सिंह से खतरा : त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति में टूट जायेगा गठबंधन!

गठबंधन को अजीत सिंह से खतरा : त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति में टूट जायेगा गठबंधन!

December 25, 2016 at 1:21 pm

ब्यूरो(राजा ज़ैद)। उत्तर प्रदेश में अगले वर्ष होने जा रहे विधानसभा चुनाव के लिए भले ही गठबंधन की ख़बरें आ रही हैं लेकिन इस सब से दूर एक सच्चाई यह भी है कि इस बात की कोई गारंटी नही कि त्रिशंकु विधानसभा आने की स्थिति में गठबंधन बना रहे। हालाँकि अभी गठबंधन की सिर्फ ख़बरें ही आ रही हैं । अभी […]

Read more ›
Symbolic Image

क्रिसमस पर विशेष: संता से मांगी एक ’विश’ मुहब्बत की

December 24, 2016 at 5:42 pm

ब्यूरो (फ़िरदौस ख़ान)। यह हमारे देश की सदियों पुरानी परंपरा रही है कि यहां सभी त्‍यौहारों को मिलजुल कर मनाया जाता है. हर त्यौहार का अपना ही उत्साह होता है- बिलकुल ईद और दिवाली की तरह. क्रिसमस ईसाइयों के सबसे महत्‍वपूर्ण त्‍यौहारों में से एक है. इसे ईसा मसीह के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाता है. क्रिसमस को बड़े […]

Read more ›
कश्मीर के एक गांव में अनुपयोगी सार्वजनिक शौचालय की छत पर कपड़े धोती हुई महिलाएं।

भारतीय समाज और शौचालय

December 24, 2016 at 4:57 am

ब्यूरो (मोहम्मद अनिस उर रहमान खान)। संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने 19 नवंबर 2013 को “विश्व शौचालय दिवस” के अवसर पर कहा था “हमें तुरंत छुआछुत की प्रथा को समाप्त कर देना चाहिए”। हम देखते हैं कि पूरे साल कोई न कोई दिन किसी विशेष दिन के रुप में मनाया जाता है, जल दिवस, पृथ्वी दिवस, इत्यादि इसके […]

Read more ›
खाद्य सुरक्षा प्रणाली को मजबूत करने की आवश्यकता

खाद्य सुरक्षा प्रणाली को मजबूत करने की आवश्यकता

December 21, 2016 at 1:15 pm

ब्यूरो (राजीव, दुमका झारखण्ड)। हिजला पहाड़ की तलहट्टी में बसा है धतीकबोना गांव। ये क्षेत्र आदिवासी बाहुल्य बस्ती है। यहां गांव के छह से सात वर्ष के बच्चों को देखकर पता चल जाता है कि वे कुपोषण के दायरे में हैं या फिर इसके करीब हैं। हाल यह कि लक्ष्मण मुर्मू, आकाश टुडू, प्रीतम मुर्मू, लक्ष्मी मुर्मू, शार्मिला सोरेन सुबह […]

Read more ›